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निकायों में 35 लाख पौधारोपण किया जाना लक्षित, इसके लिए स्वयंसेवी संस्थाओं, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों तथा नागरिकों का सहयोग लिया जाए : ए.के.शर्मा

प्रदेश में वनीकरण बढ़ने से आने वाली पीढ़ी को स्वच्छ एवं स्वस्थ वातावरण मिलेगा, कार्बन डाइऑक्साइड को कम करने में मदद मिलेगी : डॉ. अरुण कुमार सक्सेना

लखनऊ : उत्तर प्रदेश के नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री  ए.के. शर्मा ने कहा कि पूरे देश के नागरिकों को ग्लोबल वार्मिंग तथा पर्यावरण असंतुलन जैसी परेशानियों से बचाने के लिए माननीय प्रधानमंत्री जी ने ‘‘एक पेड़ मां के नाम’’ स्लोगन के साथ इस बार पौधारोपण करने का अभिनव आह्वान किया है।

इस दृष्टि से सभी नगर आयुक्त एवं अधिशासी अधिकारी अपने अपने निकायों में हरियाली बढ़ाने, सुंदरीकरण करने, जीवन की गुणवत्ता बढ़ाने, पर्यावरण तथा नगरीय वातावरण को बेहतर बनाने के लिए 20 जुलाई को प्रदेशव्यापी वृहद पौधरोपण अभियान के दौरान अधिक से अधिक पौधरोपण कराना सुनिश्चित करायें। इसके लिए नगरों की सड़कों व फुटपाथों के किनारे पड़ी खाली जमीन, पार्कों, उद्यानों, अमृत सरोवरों, साफ किए गए कूड़ा स्थलों (GvPs) पर पौधरोपण करायें। नगरों में ग्रीन कॉरिडोर भी बनाए जाएं और पौधरोपण के साथ थीमपार्क, नक्षत्र वन, आयुष वन, उपवन, मियावाकी पार्क भी विकसित किया जा सकते हैं।

कहा कि अभियान के अभी 14 दिन शेष हैं, इस दौरान स्थानों का चिन्हांकन कर तथा वन एवं पर्यावरण विभाग से समन्वय स्थापित कर आगामी पौधरोपण के लिए अभी से तैयारी पूरी कर ली जाए। सभी निकायों में अच्छे से पौधरोपण किया जाए तथा लगाए गए पौधों का रखरखाव भी पूरी जिम्मेदारी से किया जाए। इस बार नगरों में 35 लाख पौधारोपण किया जाना है, इसके लिए स्वयंसेवी संस्थाओं, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों तथा नागरिकों का भी सहयोग लिया जाए।

नगर विकास मंत्री ए.के. शर्मा गुरुवार को वन एवं पर्यावरण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉक्टर अरुण कुमार सक्सेना के साथ नगरीय निकायों में किए जाने वाले पौधारोपण संबंधी तैयारियां की जल निगम के फील्ड हॉस्टल ‘संगम’ में समीक्षा कर रहे थे। इस दौरान नगर विकास विभाग तथा वन एवं पर्यावरण विभाग के अधिकारी मौजूद थे। नगर विकास मंत्री ने वन मंत्री  सक्सेना जी को आश्वस्त किया कि सभी निकाय इस बार बढ़-चढ़कर पौधरोपण में हिस्सा लेंगे। उन्होंने कहा कि निकायों में प्रदेश की 50 प्रतिशत आबादी रहती है। प्रदेश की जीडीपी में 60 से 65 प्रतिशत योगदान निकायों का है, जहां पर नागरिकों को बेहतर सुविधाएं देने के लिए सभी प्रयास किया जा रहे हैं।

इस अवसर पर वन एवं पर्यावरण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉक्टर अरुण कुमार सक्सेना ने कहा कि माननीय प्रधानमंत्री जी की प्रेरणा एवं माननीय मुख्यमंत्री जी के प्रयासों से प्रदेश ग्रीन यूपी तथा ग्रीन सिटी बनने की ओर बढ़ रहा है। इस वर्ष 20 जुलाई को प्रदेशभर में वृहद वृक्षारोपण कार्यक्रम किया जाना है। प्रदेशवासियों को हीटवेव एवं भीषण गर्मी से बचाने के लिए वृक्षारोपण बहुत जरूरी है। प्रदेश में वनीकरण बढ़ने से आने वाली पीढ़ी को स्वच्छ एवं स्वस्थ वातावरण मिलेगा तथा कार्बन डाइऑक्साइड के प्रभाव को भी कम करने में मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि नगरीय निकायों के पास खाली जगह काफी है, जहां पर पौधों का रोपण किया जा सकता है। सभी प्रकार के पौधों का रोपण करायें। पौधरोपण में सभी का सहयोग भी लें। इस बार ‘एक पेड़ मां के नाम’ पर पौधरोपण जरूर करें। उन्होंने कहा कि पेड़ लगाने के साथ-साथ पेड़ बचाने का भी पूरा प्रयास करें। प्रदेश सरकार आगे पेड़ बचाओं अभियान भी चलायेगी।


अपर मुख्य सचिव वन एवं पर्यावरण मनोज कुमार सिंह ने बताया कि माननीय प्रधानमंत्री जी के आह्वान पर प्रदेश सरकार ‘एक पेड़ मां के नाम’ स्लोगन पर इस बार वृक्षारोपण अभियान चला रही है। पूरे प्रदेश में 35 करोड़ पौधरोपण का लक्ष्य निर्धारित है। इन पौधों के लगने से कार्बन उत्सर्जन में कमी आयेगी। पौधरोपण के लिए पूरे प्रदेश में 82 प्रतिशत गड्ढों की खुदाई कर ली गई है। विभाग के पास 54 करोड़ पौधे नर्सरी में उपलब्ध हैं। पौधरोपण के लिए सभी को पौधे मुफ्त मिलेंगे। विभाग में फलदार, छायादार, सजावटी, टिम्बर वाले पौधे उपलब्ध हैं। जिलों एवं विभागों की मांग के अनुरूप पौधे उपलब्ध कराये जायेंगे। रोपित पौधों को संरक्षित करने के लिए भी लोगों को जागरूक किया जायेगा।

प्रमुख सचिव नगर विकास अमृत अभिजात ने कहा कि आगामी पौधरोपण कार्यक्रम के लिए सभी निकायों में साफ-सफाई तथा स्थानों का चिन्हांकन किया जा रहा है। नगर विकास विभाग को इस बार 35 लाख पौधरोपण कराने का लक्ष्य दिया गया है, जिसके लिए तैयारी की जा रही है। शहरों में हरियाली बढ़ने से शहरी जीवन को प्रदूषणमुक्त एवं स्वस्थ वातावरण मिलेगा। उन्होंने बताया कि पौधरोपण अभियान के अलावा भी नगरीय निकायों में हरियाली बढ़ाने के प्रयास किये जा रहे हैं। इसके लिए पार्कों के सौन्दर्यीकरण एवं उद्यानों के रखरखाव पर ध्यान दिया जा रहा है। प्रदेश के गाजियाबाद, आगरा, लखनऊ, गोरखपुर, मथुरा, प्रयागराज, अलीगढ़, कानपुर, सहारनपुर, शाहजहांपुर में मियावाकी पार्क बनाये गये हैं और इन पार्कों में नीम, पीपल, बरगद, जामुन, शहजन आदि के कुल 197,500 पौधे रोपित किये गये, जिससे इन शहरों की खूबसूरती ने वृद्धि हुई और लोगों को भी इन पार्कों में जाकर आनन्द की अनुभूति होती है। ऐसी ही पार्क अन्य निकायों में भी बनाने के प्रयास किये जा रहे हैं।

बैठक में सचिव नगर विकास  अजय कुमार शुक्ला, निदेशक नगरीय निकाय  अनुज कुमार झा, वन विभाग के अधिकारियों में सुधीर कुमार शर्मा, संजय श्रीवास्तव, नगर विकास के विशेष सचिव तथा नगरीय निदेशालय के उच्चाधिकारी उपस्थित थे। निकायों के सभी नगर आयुक्त एवं अधिशासी अधिकारी तथा वन एवं पर्यावरण विभाग के जनपदीय अधिकारी वर्चुअल प्रतिभाग किया।

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