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हरिश्चन्द्र वंशीय अन्तर्राष्ट्रीय सम्मेलन, प्रदर्शनी एवं विवाह योग्य युवक युवतियों का स्वपरिचय सम्मेलन 27 दिसम्बर से

लखनऊ। हरिश्चन्द्र वंशीय समाज का दो दिवसीय हरिश्चन्द्र वंशीय अन्तर्राष्ट्रीय सम्मेलन एवं प्रदर्शनी का आयोजन आगामी 27 व 28 दिसम्बर को इन्दिरा गाँधी प्रतिष्ठान, गोमती नगर में आयोजित किया जा रहा है। इसमें विभिन्न सामाजिक मुद्दों पर देश-विदेश से आए विशेषज्ञ अपने विचार रखेंगे।

इसके साथ ही लखनऊ की भावी योजना मल्टी स्पेशियलिटी हास्पिटल, श्रीनाथ जी का मंदिर, अन्नपूर्णा भोजनालय आदि स्थापित करने पर विमर्श किया जायेगा तथा विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ठ कार्य करने वाली विभूतियों को सम्मानित किया जाएगा।

यह जानकारी लखनऊ हरिश्चन्द्र वंशीय समाज के अध्यक्ष राजन रस्तोगी, वरिष्ठ उपाध्यक्ष संजीव रस्तोगी और कौशल विकास समिति के अध्यक्ष सुधांशु रस्तोगी ने संयुक्त रूप से रविवार को राजभवन के सामने मोती महल डीलक्स होटल में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान दी।

उन्होंने बताया कि हरिश्चन्द्र वंशीय अन्तर्राष्ट्रीय सम्मेलन का उद्घाटन 27 दिसम्बर को मुख्य अतिथि सुप्रीम कोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायमूर्ति अजय रस्तोगी दीप जलाकर करेंगे। जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता अखिल भारतीय हरिश्चन्द्र वंशीय महासभा के पूर्व अध्यक्ष फकीर चंद्र रुस्तगी करेंगे। कार्यक्रम के दूसरे दिन मुख्य अतिथि के रूप में प्रसिद्ध रंगकर्मी एवं अभिनेता डा. अनिल रस्तोगी द्वारा शुभारम्भ किया जाएगा। कार्यक्रम के मध्य में दिल्ली अपोलो हास्पिटल के विशेषज्ञ डा. हर्ष रस्तोगी, उद्योगपति श्रीमती इंद्र मोहन रस्तोगी, पूर्व सीएमओ डा. विनोद रस्तोगी, उद्योगपति प्रेम किशोर रस्तोगी और ज्ञानव्यापी प्रकरण के अधिवक्ता विजय शंकर रस्तोगी आदि कई प्रबुद्धजनों को सम्मानित किया जाएगा।

दो दिवसीय सम्मेलन में देश-विदेश से तीनों घटकों के स्वजन बड़ी संख्या में भाग लेंगे। अपने अपने विषय के पारंगत पैनल डिस्कशन द्वारा स्वास्थ्य, महिला सशक्तिकरण, र्स्टाटअप एमएसएमई, व्यापार /उद्योग, शिक्षा, लीगल आदि विषय पर सामान्य जनोपयोगी जानकारी उपलब्ध की जायेगी। इसके अतिरिक्त अनुभवी दक्ष वक्ताओं के द्वारा निम्न विषयों पर समाज उत्थान हेतु चर्चा की जायेगी। जिनमें मुख्य रूप से रस्तोगी, रूस्तगी, रोहतगी तीनों घटकों में एकजुटता लाकर समाज उत्थान हेतु कार्य योजना, युवा वर्ग का समाज की गतिविधियों में रूचि उत्पन्न करना और उन्हें गतिविधियों से जोड़ने हेतु प्रेरित करना, महिला समाज के सशक्तिकरण व उत्थान में उनका योगदान बढ़ाने के उपाय व सुझाव पर चर्चा, विवाह व अन्य सामाजिक कार्यक्रमों में फिजूलखर्ची रोकने व उत्पन्न हुई अन्य विसंगतियों को रोकने व कम करने के सुझाव। पढ़ लिखकर युवा, युवतियों का नौकरी सेवा क्षेत्र में रूझान (एम्पलायी बनना, एम्पलायर न बनना) है। इसके अलावा अयोध्या में हरिश्चन्द्र धाम बनाने हेतु योजना के साथ लखनऊ की भावी योजना मल्टी स्पेशियलिटी हास्पिटल, वृद्धाश्रम, श्रीनाथ जी का मंदिर, भोजनालय व हरिश्चन्द्र जी का जीवन वृतान्त झोकियों द्वारा स्थापित करना व खुला मंच देश के कोने कोने में धर्मशाला, स्कूल व अन्य प्रशिक्षण केन्द्र का रख रखाव व अन्य सुझाव पर चर्चा की जायेगी।

 

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