उत्तर-प्रदेशनई दिल्लीबड़ी खबरलखनऊ

प्रकृति का कम से कम दोहन कर हमें अपनी आवश्यकताओं को पूरा करना होगा : ए. के. शर्मा 

नगर विकास मंत्री ने 'मेरी लाइफ मेरा स्वच्छ शहर ' अभियान के तहत स्थापित 'ना थ्रो, ना थ्रो' RRR सेंटर का किया उद्घाटन

लखनऊ : प्रदेश के नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने कहा कि पर्यावरण के अनुकूल हमारी जीवन शैली हो और जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए व्यक्तियों के व्यवहार में परिवर्तन आए. इसके लिए केंद्र सरकार की मिशन लाइव कार्यक्रम के पहल पर शहरों को साफ सुथरा, स्वच्छ और सुंदर बनाने के लिए योगी सरकार प्रदेश के सभी 762 निकायों में ‘ना थ्रो, ना थ्रो ‘ RRR सेंटर बना रहा है।

आगे चलकर इसे सभी निकायों के प्रत्येक वार्ड में बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि ग्लोबल वार्मिंग का प्रभाव पर्यावरण के साथ हम सभी के जीवन को प्रभावित कर रहा है। प्रकृति का कम से कम दोहन कर हमें अपनी आवश्यकताओं को पूरा करना होगा।

साथ ही अच्छे वातावरण के लिए अपने जीवन में रिड्यूस, रीयूज,रीसाइकिल की कार्य पद्धति को भी अपनाना होगा। कहां की मिशन लाइव कार्यक्रम की शुरुआत  प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी  ने 20 अक्टूबर, 2022 को गुजरात में की थी, जिसके कार्यक्रम आज पूरे देश में चल रहे हैं। हमारे प्रदेश में भी 15 मई से 05 जून,2023 तक विशेष अभियान के रूप में संचालित किया जा रहा है।

नगर विकास मंत्री ए.के. शर्मा लखनऊ नगर निगम द्वारा लालबाग के दया निधान पार्क में ‘मेरी लाइफ मेरा स्वच्छ शहर ‘ अभियान के तहत स्थापित ‘ना थ्रो, ना थ्रो’ RRR सेंटर का उद्घाटन किया। इस दौरान उन्होंने नागरिकों से अपने घरों की निष्प्रयोज्य सामग्री को इधर उधर न फेंकने के बजाय निकायों में स्थापित RRR सेंटर को देने की अपील की। जिससे कि जरूरतमंदों कि इससे मदद की जा सके।

लोगों के घरों में व्यर्थ पड़ी इस सामग्री का रिड्यूस रीयूज रीसाइकिल कर शहरों को और स्वच्छ, सुंदर बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस निष्प्रयोज्य सामग्री को इधर-उधर फेंकने से पर्यावरण को नुकसान पहुंचता है, जल में जाने से पानी अशुद्ध होता है और नाले नालियों में जाने से यह चोक हो जाती है। ये सामग्री शहरों की साफ-सफाई और सुंदरता को भी खराब करती हैं।

नगर विकास मंत्री ने कहा की लोगों के घरों में पड़ी अनुपयोगी सामग्री किसी के लिए बहुत उपयोगी हो सकती है। किसी के जीवन का सपना इससे पूरा हो सकता है। वस्तुओं का रीयूज हमारी संस्कृति का भाग रहा है। इससे समाज को जोड़ने में मदद मिली थी, जिसे आज फिर से अपनाना होगा।

 

उन्होंने लोगों को अपने घरों की इस प्रकार की अनुपयोगी सामग्री, जिसमें कपड़े, किताबें, खिलौने, इलेक्ट्रिक और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, मशीनरी, साइकिल आदि RRR सेंटर को दे सकते हैं। इन केंद्रों को कपड़ा बैंक, किताब बैंक, बर्तन बैंक, खिलौना बैंक, फर्नीचर बैंक के रूप में विकसित किया जाएगा। इसमें जनभागीदारी बढ़ाने के लिए स्वयं सहायता समूहो, जनप्रतिनिधियों, व्यापारी वर्ग, स्टूडेंट, सर्विस क्लास का भी सहयोग लिया जाएगा। सामग्री को एकत्रित करने के लिए स्वच्छता रथ संचालित किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि इस प्रकार के 810 सेंटर पूरे प्रदेश में अभी खोले जा चुके हैं।

श्री शर्मा ने कहा कि सुबह बनारस शाम ए अवध तथा मुस्कुराइए कि आप लखनऊ में हैं, हमारे प्रदेश की पहचान रही है। कहां थी पर्यावरण फ्रेंडली बनने के लिए हमें अपने जीवन में आरआरआर फार्मूले को अपनाना अपनाना होगा। प्रधानमंत्री जी के स्वच्छ भारत मिशन से स्वच्छता के प्रति लोगों की धारणा बदली है,हमें अपने आसपास कूड़ा कचरा फैलने को रोकना होगा। इस पर ध्यान देना होगा कि कौन कूड़ा इधर उधर फेक रहा है।

इसके पहले भी अनेक प्रयास शहरों को सुंदर बनाने के लिए किए गए,जिसका परिणाम रहा कि जी-20 की बैठकों में आए विदेशी मेहमानों ने लखनऊ की स्वच्छता और सुंदरता की तारीफ की। इसके पहले चलाए गए सफ़ाई अभियानो से 4000 से अधिक कूड़ा स्थलों को साफ किया गया। अनेकों स्थानों पर नेकी की दीवार भी बनाई गई,जहां पर निष्प्रयोज्य सामग्री को इकट्ठा किया जाता है। केंद्र सरकार का यह अभियान उसका बृहद रूप ही है।


कार्यक्रम में निकाय निदेशक  नेहा शर्मा, नगर आयुक्त इंद्रजीत सिंह, अपर नगर आयुक्त श्री पंकज सिंह व अन्य अधिकारीयों के साथ शहर के गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
इस दौरान मंत्री ने पार्क का निरीक्षण किया और पेड़ो की छटनी करने तथा पार्क के रख रखाव पर ध्यान देने को कहा। उन्होने पार्क में खेल रहे बच्चो से भी मुलाकत की।नगर निगम द्वारा वाहनों की बेस्ट से तैयार किए गए इलेक्ट्रिक वाहन का निरीक्षण किया और इस इन्नोवेशन की प्रशंसा की।

जरदोजी एवं बेकार पेपर से तैयार की गई ज्वेलरी, खिलौने को देखकर एक नए तरह का नवाचार को प्रोत्साहित किया। गुठली बैंक के बारे में मंत्री जी का विचार है कि लखनऊ विशेषता मलिहाबाद के कारण आम का एक बड़ा बाजार है इस कारण से यहां पर आम की गुठली ज्यादा मात्रा में इकट्ठा होगी जिनको नगर निगम को जनता प्रदान करें। जिससे नगर निगम उपयोगी चीजें तैयार करेगा जिससे पर्यावरण संरक्षण एवं सफाई को प्रोत्साहन मिलेगा।

नगर आयुक्त  इंद्रजीत सिंह जी के निर्देशन में लखनऊ नगर निगम के अंतर्गत 110 वार्डों में संचालित होंगे ना थ्रो ट्रिपल आर RRR ( REUSE REDUCE RECYCLE ) सेंटर्स।आज 20 मई से 5 जून तक वृहद रूप से अभियान चलाकर इन सेंटर्स को संचालित किया जाएगा।लखनऊ शहर के 110 वार्डों में खोले गए ना थ्रो ट्रिपल आर सेंटर में शहर के रहवासी एवं संस्थान इत्यादि इन सेंटर पर आकर ऐसी वस्तुएं जमा करवा सकते हैं जिन्हें या तो रियूज किया जा सके या रिसाइकिल किया जा सके।

हर एक सेंटर पर करीब 11 तरह के बैंक स्थापित किये गए हैं।जिनमें बुक बैंक, स्कूल ड्रेस बैंक, फुटवेयर बैंक, आम की गुठली बैंक, कपड़ा बैंक, थैला बैंक, बर्तन बैंक, फर्नीचर बैंक, चिकन कारी/जरदोजी बैंक, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बैंक एवं चश्मा बैंक खोले गए हैं। इन बैंक में शहर के नागरिक ऐसी वस्तुएं जिन्हें वे सफाई गाड़ी में फेंक देते हैं, जिसमें कपड़े, खिलौने, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण व किताबें इत्यादि शामिल हैं। उन्हें फेंकने के बजाय इन सेंटरों पर बनी बैंक में जमा कर सकेंगे। जिन्हें आगे किसी जरूरत मंद अथवा रिसाइकल कर इसे इस्तेमाल करने योग्य बनाकर निशुल्क रूप से दिया जा सकेगा।

इसके अतिरिक्त लखनऊ नगर में भी ओडीओपी के तहत तैयार की जा रही वस्तुओं के अपशिष्ट को भी रिसाइकिल कर विशेष उत्पाद बनाये जाएंगे।जिसके लिए विशेष तौर पर गोबर बैंक व आम की गुठली बैंक का संचालन किया जाएगा।

आज इन सभी सैंटर का शुभारंभ वृहद रूप से किया जाएगा एवं शहर के एनजीओ एवं स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से इन्हें संचालित किया जाएगा।

110 वार्डों में ये सेंटर कहाँ संचालित किए जा रहे हैं इसकी जानकारी आम जनमानस या अन्य गूलग के माध्यम से जुटा सकेंगे, क्योंकि ये सभी सेंटर जिओ टैग्ड होंगे।साथ ही आईसी/एचएमएस की टीम लोगों को वार्ड वार घर घर जाकर इस बारे में जगरुक करने का कार्य भी करेगी।जिससे कि इस अभियान को पूर्ण रूप से सफल बनाया जा सके।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button