भाजपा लखनऊ महानगर द्वारा उत्तर विधानसभा स्तरीय अंबेडकर सम्मान अभियान संगोष्ठी हुआ आयोजन

लखनऊ : भाजपा लखनऊ महानगर द्वारा डॉ.भीमराव अंबेडकर जयंती में क्रम में उत्तर विधानसभा स्तरीय अंबेडकर सम्मान अभियान संगोष्ठी का आयोजन जानकीपुरम स्थित लोटस पोर्टिको कालोनी गेस्ट हाउस में आयोजित किया जिसमें बतौर मुख्य अतिथि नोएडा विधायक एवं प्रदेश उपाध्यक्ष पंकज सिंह, लखनऊ महानगर अध्यक्ष आनन्द द्विवेदी, विधायक डॉ. नीरज बोरा उपस्थित रहें। कार्यक्रम की शुरुआत बाबा साहब डॉ भीमराव अंबेडकर जी के चित्र पर पुष्पांजलि कर श्रद्धा सुमन अर्पित करके किया गया।
नोएडा विधायक पंकज सिंह ने उत्तर विधानसभा स्तरीय अंबेडकर सम्मान अभियान में हनुमान गौतम, रमेश चन्द्रा, तेजपाल रावत, नरेश रावत, सतीश बहेलिया, मुन्ना रावत को पुष्पमाला पहनाकर सम्मानित किया।
विधायक पंकज सिंह ने कहा कि बाबा साहब डॉ भीमराव अंबेडकर ने संविधान के माध्यम से देश को एक मजबूत लोकतांत्रिक ढांचा प्रदान किया, जिससे हर वर्ग को सम्मान और अधिकार मिले। आज उनका जीवन हम सभी के लिए प्रेरणा स्रोत है। शिक्षा, समान अधिकार और सामाजिक समरसता को बढ़ावा देने पर विशेष बल दिया। उनका मानना था कि शिक्षा ही समाज को सशक्त बनाने का सबसे बड़ा माध्यम है। समाज में फैली कुरीतियों और भेदभाव के खिलाफ आजीवन संघर्ष किया और सभी को समान अधिकार दिलाने के लिए महत्वपूर्ण योगदान दिया। उनके विचार आज भी समाज को नई दिशा देने का कार्य कर रहे हैं। वंचित एवं कमजोर वर्गों को सशक्त बनाने के लिए शिक्षा, संगठन और संघर्ष का मार्ग दिखाया। उनका जीवन हर नागरिक के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
लखनऊ महानगर अध्यक्ष आनन्द द्विवेदी ने कहा कि भाजपा सरकार ने बाबा साहेब से जुड़े पांच प्रमुख स्थानों को ‘पंचतीर्थ’ के रूप में विकसित कर उन्हेंहै वह सम्मान दिया, उन्हें भारत रत्न सम्मान देने का काम भी भाजपा द्वारा किया गया। बाबा साहब ने संविधान के माध्यम से देश को सामाजिक न्याय, समानता और अधिकारों की मजबूत नींव प्रदान की। उन्होंने न केवल उनके अधिकारों की रक्षा के लिए आवाज उठाई, बल्कि उन्हें शिक्षा और आत्मसम्मान का महत्व भी समझाया। भारत की आज़ादी के बाद, जब देश को एक मजबूत और न्यायपूर्ण संविधान की आवश्यकता थी, तब डॉ. अंबेडकर को संविधान मसौदा समिति का अध्यक्ष बनाया गया। उन्होंने भारतीय संविधान का निर्माण कर देश को एक ऐसा दस्तावेज दिया, जो सभी नागरिकों को समान अधिकार और न्याय सुनिश्चित करता है। उनका जीवन संघर्ष और समर्पण का अद्वितीय उदाहरण है, जो आज भी समाज को दिशा देने का कार्य कर रहा है।
डॉ नीरज बोरा ने कहा कि बाबा साहब भीमराव अंबेडकर ने देश के अंदर दलित, वंचित, पिछड़े महिला ऐसे लोगों के लिए संघर्ष किया और अंग्रेजों की कूटनीति बांटने की थी उसमें कुछ कांग्रेस के सामंतवादी विचारधारा के लोग चाहते नहीं थे कि इस देश के अंदर की लोकतंत्र स्थापित हो। एक व्यवस्था बनाना चाहते थे जब लोकतंत्र में चुनाव होंगे तो स्नातक स्तर के ही लोग वोट डाल सकेंगे बाबा साहब ने इस वोट का अधिकार सबको मिलेगा चाहे वह शिक्षित हो चाहे गैर शिक्षित हो, यह विचार भी रखा गया । महिलाओं को वोट का अधिकार नहीं दिया जाएगा लेकिन बाबा साहब अंबेडकर ने वह लड़ाई लड़ी थी बाबा साहब अंबेडकर ने कहा कि देश की आधी आबादी को आप वोट से कैसे रोक सकते हैं इस संघर्ष को किया मातृशक्ति को वोट देने का काम बाबा साहब भीमराव अंबेडकर ने किया था।
मीडिया प्रभारी अनुराग साहू ने बताया कि महामंत्री धनश्याम दास अग्रवाल टिंकू सोनकर, उपाध्यक्ष सौरभ वाल्मीकि, कुमकुम राजपूत,अनुसूचित जनजाति आयोग सदस्य रमेश तूफानी, मोर्चा प्रदेश मंत्री डॉ राहुल वाल्मीकि सहित मण्डल अध्यक्ष, पार्षदगण एवं बड़ी संख्या क्षेत्रवासी उपस्थित रहें।



