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महापौर ने नगर निगम की गिनाई दो साल की उपलब्धियां

गोरखपुर । महापौर डॉक्टर मंगलेश श्रीवास्तव ने पत्रकार वार्ता में नगर निगम द्वारा किए गए कार्यों की उपलब्धियां गिनाई.उन्होंने कहा कि नगर निगम गोरखपुर के चहुँमुखी विकास, जनता की अपेक्षाओं पर खरे उतरने और समर्पित सेवा का प्रमाण है।

नगर निगम का यह दो वर्षीय कार्यकाल सेवा, समर्पण, पारदर्शिता और विकास को समर्पित रहा है। निगम ने विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य किए हैं, जिनमें साफ-सफाई, जल व्यवस्था, सड़क निर्माण, पार्कों का विकास, स्ट्रीट लाइटिंग, डिजिटल सेवा, नागरिक शिकायत निवारण प्रणाली और पर्यावरण संरक्षण जैसे प्रमुख क्षेत्र शामिल हैं।
महापौर ने बताया कि 988.07 करोड़ की लागत से 749 योजनाएं पूर्ण – सड़क/नाली निर्माण, जलापूर्ति, ठोस कचरा प्रबंधन, स्ट्रीट लाइटिंग, फॉगिंग, स्मार्ट सिटी विकास, सामुदायिक एवं आर्थिक विकास।
166.74 करोड़ की 636 योजनाएं निर्माणाधीन, जो आने वाले समय में शहर की दिशा बदलेंगी।
180 एकड़ भूमि अवैध कब्जे से मुक्त — जनकल्याण व शहरी विकास के लिए सुरक्षित की गई, जिससे भविष्य की परियोजनाओं को गति मिलेगी।
स्वच्छता सर्वेक्षण में GFC 3-Star – राष्ट्रीय स्तर पर गोरखपुर की स्वच्छता में उल्लेखनीय सुधार।
वेस्ट मैनेजमेंट में क्रांतिकारी पहल:
सहजनवा (सुथनी) में 40 एकड़ भूमि पर इंटीग्रेटेड वेस्ट मैनेजमेंट सिटी का निर्माण — जो गोरखपुर समेत 8 शहरी निकायों के अपशिष्ट प्रबंधन की ज़िम्मेदारी संभालेगी।
पहले चरण में ₹255 करोड़ की लागत से NTPC के साथ MOU, जिसके तहत ठोस घरेलू कचरे से टॉरेफाइड चारकोल निर्माण यूनिट तैयार — मशीनों का ट्रायल जारी।
आगे चलकर बायो-CNG प्लांट और खतरनाक अपशिष्ट प्रबंधन संयंत्र की स्थापना की जाएगी।
यह परियोजना 8 आधुनिक तकनीकों द्वारा संचालित होगी।
महेसरा में इलेक्ट्रिक बस चार्जिंग स्टेशन की स्थापना — ग्रीन ट्रांसपोर्ट की दिशा में ठोस पहल।
महेसरा में ही कंस्ट्रक्शन एंड डेमोलिशन वेस्ट प्रोसेसिंग प्लांट का निर्माण जारी — जिससे निर्माणजन्य अपशिष्टों का जिम्मेदार निस्तारण होगा।
नौसढ़ में पशु शवदाह गृह की स्थापना — स्वच्छता व पशु कल्याण के लिए नई व्यवस्था।
स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट्स के अंतर्गत –
रानीडीहा व ट्रांसपोर्ट नगर में अत्याधुनिक ज़ोनल कार्यालयों का निर्माण।
Town Hall में संग्रहालय, डिजिटल लाइब्रेरी, स्मार्ट जिम की स्थापना।
पुराने टाउन हॉल का रिस्टोरेशन कार्य प्रगति पर।
CCTV Surveillance, Digital Monitoring, Smart Parks, हाईटेक सोलर लाइटिंग।
समाज के वंचित वर्गों हेतु –
सामुदायिक भवन (कल्याण मंडपम)
Animal Birth Control Centre
5000 गौवंशों हेतु कान्हा गौशाला – ताल नादौर में
सीनियर सिटीजन डे-केयर सेंटर
नगरीय सेवा केंद्र – नागरिकों को एक ही स्थान पर सुविधाएं
पर्यावरणीय पुनर्रचना व हरित पहल:
एकलाबंधा का स्वरूप अब पूरी तरह बदल चुका है। नगर निगम गोरखपुर द्वारा वर्षों से जमा कूड़े के ढेर का समुचित निस्तारण कर क्षेत्र को समतल किया गया है।
वहाँ गमलों में पौधारोपण कर हरियाली लाई गई है।
जल्द ही यहाँ राप्ती रिवर फ्रंट का निर्माण प्रारंभ होगा, जो इस क्षेत्र को एक सुंदर सार्वजनिक स्थल में परिवर्तित करेगा।
गोरखपुर नगर की सभी पारंपरिक कूड़ा पड़ावों को समाप्त कर, उनके स्थान पर Garbage Transfer Stations की स्थापना की गई है — यह कार्य स्वच्छता व कचरा प्रबंधन में वैज्ञानिक बदलाव का प्रतीक है।
तकनीकी और नवाचार –
SCADA व CCMS से जल व प्रकाश व्यवस्था का स्मार्ट नियंत्रण
रात्रिकालीन सफाई, स्प्रिंकलर से छिड़काव, समर्पित सफाई वाहनICCC द्वारा डिजिटल शहरी निगरानी
हमारा प्रयास केवल योजनाओं की संख्या नहीं, बल्कि हर गोरखपुरवासी के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाना है।
जनता का विश्वास ही हमारी प्रेरणा है, और हम उसे विकास, पारदर्शिता एवं जन-समर्पण के साथ निभाते रहेंगे।

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