‘ब्रिक्स सतत जीवनशैली सप्ताह’ के तहत ‘रिड्यूस वेस्ट’ पर विशेष जोर
विभिन्न स्टेशनों पर जागरूकता रैली, शपथ, नुक्कड़ नाटक एवं पम्पलेट वितरण से दिया कम कचरा उत्पन्न करने का संदेश

लखनऊ । पर्यावरण संरक्षण एवं सतत जीवनशैली को बढ़ावा देने के उद्देश्य से पूर्वोत्तर रेलवे, लखनऊ मण्डल में मंडल रेल प्रबंधक गौरव अग्रवाल के मार्गदर्शन एवं वरिष्ठ मंडल यांत्रिक इंजीनियर/ईएनएचएम श्री महेंद्र सिंह के नेतृत्व में 01 से 07 नवम्बर 2026 तक ‘ब्रिक्स सतत जीवनशैली सप्ताह’ मनाया जा रहा है। अभियान के अंतर्गत आज विभिन्न रेलवे स्टेशनों पर ‘रिड्यूस वेस्ट’ अर्थात कचरे के उत्पादन में कमी लाने के प्रति यात्रियों, रेलकर्मियों एवं आमजन को जागरूक करने के लिए विविध कार्यक्रम आयोजित किए गए।
इस अवसर पर ऐशबाग जंक्शन पर यात्रियों, रेलकर्मियों, सफाई मित्रों एवं खानपान विक्रेताओं को दैनिक जीवन में अनावश्यक वस्तुओं के उपयोग से बचने, संसाधनों का विवेकपूर्ण उपयोग करने तथा कचरे को कम से कम उत्पन्न करने के लिए प्रेरित किया गया। सभी को सिंगल यूज प्लास्टिक का प्रयोग नहीं करने, पुनः उपयोग योग्य वस्तुओं को प्राथमिकता देने तथा पर्यावरण अनुकूल जीवनशैली अपनाने की शपथ दिलाई गई।
कार्यक्रम के दौरान 3R सिद्धांत अर्थात रिड्यूस (उपयोग एवं कचरे में कमी), रीयूज (पुनः उपयोग) एवं रीसायकल (पुनर्चक्रण) की महत्ता समझाई गई। यात्रियों एवं कर्मचारियों को बताया गया कि कचरे के प्रबंधन का सबसे प्रभावी उपाय उसका उत्पादन कम करना है। इसके लिए खरीदारी में अनावश्यक पैकेजिंग से बचने, कपड़े के थैलों का उपयोग करने, वस्तुओं को फेंकने के बजाय पुनः उपयोग में लाने तथा सूखे एवं गीले कचरे को अलग-अलग रखने जैसे उपाय अपनाने की अपील की गई।
इसी क्रम में ऐशबाग, लखनऊ जंक्शन, मैलानी, बस्ती, बादशाहनगर, सीतापुर, खलीलाबाद, गोण्डा एवं गोरखपुर रेलवे स्टेशनों पर संविदा सफाई कर्मचारियों द्वारा जागरूकता रैली निकाली गई। रैली के माध्यम से यात्रियों को कम कचरा उत्पन्न करने, सिंगल यूज प्लास्टिक से बचने तथा ई-वेस्ट का उचित संग्रहण एवं निस्तारण करने का संदेश दिया गया। स्टेशनों पर बैनर, पोस्टर एवं यात्री उद्घोषणा प्रणाली के माध्यम से भी अभियान का व्यापक प्रचार-प्रसार किया गया तथा पम्पलेट वितरित कर पर्यावरण संरक्षण के उपायों की जानकारी दी गई।
इस अवसर पर संविदा सफाई कर्मचारियों को कचरा कम उत्पन्न करने एवं सिंगल यूज प्लास्टिक का प्रयोग नहीं करने की शपथ दिलाई गई। खानपान विक्रेताओं को कपड़े के थैले वितरित कर प्लास्टिक के स्थान पर पर्यावरण अनुकूल विकल्प अपनाने के लिए प्रेरित किया गया। वहीं, गोरखपुर रेलवे स्टेशन पर संविदा श्रमिकों द्वारा प्रस्तुत नुक्कड़ नाटक के माध्यम से कचरे के दुष्प्रभावों, प्लास्टिक प्रदूषण तथा कचरा कम करने के व्यावहारिक उपायों का संदेश दिया गया।
पूर्वोत्तर रेलवे, लखनऊ मण्डल द्वारा आयोजित इन गतिविधियों का उद्देश्य रेल परिसरों में कचरे के उत्पादन को न्यूनतम करना, संसाधनों का संरक्षण करना तथा यात्रियों, रेलकर्मियों एवं आमजन में जिम्मेदार उपभोग की आदत विकसित करना है। मंडल रेल प्रशासन ने सभी रेल उपयोगकर्ताओं से अपील की है कि वे आवश्यकता के अनुरूप वस्तुओं का उपयोग करें, अनावश्यक कचरा उत्पन्न करने से बचें तथा स्वच्छ एवं हरित रेल परिसर के निर्माण में सक्रिय सहभागिता निभाएं।



