भारत सरकार की पेंशन देने की घोषणा स्वागत योग्य : सुशील कुमार त्रिपाठी
कर्मचारियों के मूल वेतन से 10% अंशदान कटौती की व्यवस्था को वापस लिए जाने की अपील

लखनऊ : उत्तर प्रदेश मिनिस्ट्रीयल कलेक्ट्रेट कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष सुशील कुमार त्रिपाठी ने कहा है कि कर्मचारियों-शिक्षकों के राष्ट्रव्यापी आंदोलन तथा इसे राजनीतिक मुद्दा बनाने में विगत कई वर्षों के संघर्ष का सुखद परिणाम है कि केंद्र सरकार द्वारा सुनिश्चित लाभ वाली यूनिफाइड पेंशन स्कीम लागू करने की घोषणा की है.
प्रदेश अध्यक्ष श्री त्रिपाठी ने कहा कि एनपीएस में न्यूनतम पेंशन की कोई गारंटी नही थी, ये पूरा का पूरा शेयर बाजार पर आधारित है । भारत सरकार की मूलवतन का 50% व DA सहित पेंशन देने की घोषणा स्वागत योग्य है । हम भारत सरकार के प्रधानमंत्री के इस निर्णय का गदगद हृदय व मुक्त कंठ से सराहना करते हुए उनका ध्यान इस ओर आकृष्ट करना चाहते है कि किसी भी प्रकार के पेंशन के लिए पेंशनभोगियों को कोई अंशदान नही देना पड़ता है ।
उन्होंने कहा कि शासकीय कर्मचारियों दिए जाने वाला पेंशन उसकी संतोषजनक सेवा का पारिश्रमिक होता जो उसके बुढ़ापे का एकमात्र सहारा होता है । प्रधानमंत्री से अपील है कि कर्मचारियों के मूल वेतन से 10% अंशदान कटौती की व्यवस्था को वापस लिया जाय ।



