कला, विज्ञान एवं भावना का संगम है फोटोग्राफी : सुरेन्द्र कुमार यादव

गोरखपुर : राजकीय बौद्ध संग्रहालय में आयोजित फोटोग्राफी कार्यशाला के द्वितीय दिवस पर विषय विशेषज्ञ के रूप में इलाहाबाद विश्वविद्यालय, प्रयागराज के सेन्टर ऑफ मीडिया स्टडीज के वरिष्ठ शिक्षक श्री सुरेन्द्र कुमार यादव द्वारा ’’पुरातत्व, इतिहास एवं संस्कृति की अभिव्यक्ति का माध्यम फोटोग्राफी कला’’ विषय पर एक विशेष व्याख्यान एवं प्रशिक्षण दिया गया।
सुरेन्द्र कुमार यादव ने कार्यशाला में प्रतिभागियों को अवगत कराया कि फोटोग्राफी समय को रोकने की कला है। यह सिर्फ एक तस्वीर नहीं है बल्कि इतिहास का दस्तावेज है। पहले फोटोग्राफी सिर्फ अमीरों के लिए थी, परन्तु वर्तमान समय में प्रत्येक स्मार्ट मोबाईल यूजर फोटोग्राफर है। इतिहस एवं पुरातत्व में फोटोग्राफी प्राचीन स्थलों के दस्तावेजीकरण, उत्खनन के प्रमाण को सुरक्षित करने एवं समय के साथ बदलाव को रिकार्ड करने के लिए अत्यन्त महत्वपूर्ण माध्यम हैं। फोटोग्राफी में वाईड एंगल लेन्स एवं टिल्टेड लेन्स के महत्व पर प्रकाश डाला गया। फोटोग्राफी के 1839 ई. में प्रारम्भ होने से पूर्व इतिहास को चित्रों एवं अन्य माध्यमों पर उर्त्कीण कर सुरक्षित रखने की परम्परा थी। श्री यादव द्वारा एक पत्रकार फोटोग्राफर के रूप में अपने अनुभवों को प्रतिभागियों से साझा किया गया। फोटोग्राफी के माध्यम से हम किसी काल खण्ड के इतिहास को भविष्य के लिए सुरक्षित कर सकते हैं।
धरोहर संग्रह प्रदर्शनी का आज प्रतिभागियों द्वारा अवलोकन किया गया तथा प्रयोगात्मक रूप में उनके छायाचित्र भी लिए गए संग्रहालय भ्रमण हेतु आने वाले अधिकांश दर्शकों ने प्रदर्शनी में प्रदर्शित अद्भुत संग्रह के रोमांच का अनुभव लिया। कैनरा बैंक के प्रबन्धक विकास सोनी, दवा एसोशिएसन के अध्यक्ष दिलीप सिंह एवं रोटेरियन सरदार सतपाल सिंह ने प्रदर्शनी का अवलोकन करते हुए कहा कि यह संग्रह भावी पीढी के लिए ज्ञानवर्द्धक सिद्ध होगा।
कार्यक्रम के संयोजक के रूप में डॉ0 यशवन्त सिंह राठौर, उप निदेशक, राजकीय बौद्ध संग्रहालय, गोरखपुर द्वारा अवगत कराया गया कि राष्ट्रीय फोटोग्राफी कार्यशाला में दो दिवसीय फोटोग्राफी प्रतियोगिता का भी आज शुभारम्भ किया गया है। प्रतियोगिता में सभी प्रतिभगियों द्वारा 03 मई, 2026 के अपरान्ह् 04ः00 बजे तक दो विषयों क्रमशः राजकीय बौद्ध संग्रहालय कैमरे की नजर से तथा गोरखपुर का सांस्कृतिक वैभव विषयक अपनी दो प्रविष्टियां जमा करनी होगी। प्राप्त प्रविष्टियों में से उत्कृष्ट प्रविष्टियों के प्रतिभागियों को बौद्ध संग्रहालय के स्थापना दिवस दिनांक 04 मई, 2026 को संग्रहालय में सम्मानित किया जायेगा।
इंसर्ट
फोटोग्राफी कार्यशाला का तृतीय दिवस का व्याख्यान एवं प्रशिक्षण इलाहाबाद विश्वविद्यालय, प्रयागराज के वरिष्ठ शिक्षक श्री सुरेन्द्र कुमार यादव एवं गोरखपुर के युवा पत्रकार फोटोग्राफर श्री संगम दुबे द्वारा संग्रहालय के यशोधरा सभागार में कल दिनांक 03 मई, 2026 को पूर्वान्ह् 10ः30 बजे से अपरान्ह 01ः30 तक दिया जायेगा।



