चबूतरा थिएटर पाठशाला में बच्चों ने सीखी अभिनय और नृत्य की कला
11 जून से शुरू होगा 'सीजन-10' का तीन दिवसीय नाट्य उत्सव

लखनऊ। तकरोही, इंदिरा नगर स्थित वाल्मीकि पार्क में ‘मदर सेवा संस्थान’ द्वारा संचालित ‘चबूतरा थियेटर पाठशाला’ की ग्रीष्मकालीन कार्यशाला में बच्चों ने अपनी रचनात्मकता और उत्साह से चार चाँद लगा दिए। इस कार्यशाला में तैयार की गई सांस्कृतिक और नाट्य प्रस्तुतियों को अब एक बड़े मंच पर प्रदर्शित किया जाएगा।
कहानी और अभिनय का जादू:
कार्यशाला के दौरान विख्यात रंगकर्मी महेश चंद्र देवा ने अनूठे ‘स्टोरी टेलिंग’ (कहानी सुनाने) के माध्यम से बच्चों को जंगल, जंगली जानवरों और भूत-प्रेत की काल्पनिक कहानियों की सैर कराई। बच्चों ने न केवल इन कहानियों का आनंद लिया, बल्कि पात्रों को जीवंत करते हुए अभिनय की बारीकियां भी सीखीं।
नृत्य और संगीत का प्रशिक्षण:
इसी क्रम में प्रसिद्ध कथक नृत्यांगना रजनी वर्मा ने बच्चों को ‘काउंटिंग’ (गिनती) की तकनीकी विधि से लय और ताल पर थिरकना सिखाया। कार्यशाला में बच्चों को नृत्य और गीतों का भी कड़ा अभ्यास कराया गया।
11 जून से सजेगा ‘चबूतरा थियेटर फेस्टिवल’ (सीजन-10):
संस्था की अध्यक्षा किरण लता ने बताया कि कार्यशाला की भव्य प्रस्तुतियां ‘चबूतरा थियेटर फेस्टिवल सीजन-10’ के अंतर्गत मंच पर उतारी जाएंगी। इस तीन दिवसीय नाट्य समारोह का आयोजन 11 जून से 13 जून तक गोमती नगर स्थित ‘अंतर्राष्ट्रीय बौद्ध शोध संस्थान’ के प्रेक्षागृह में किया जाएगा।
समारोह की झलकियाँ:
* समय: प्रतिदिन शाम 6:30 बजे से।
* विशेष आकर्षण: समारोह में बच्चों द्वारा तैयार नाटक, नृत्य और गीतों की शानदार प्रस्तुतियां होंगी। इसके साथ ही युवाओं के नाटक और एकल (Solo) नाटकों का भी मंचन किया जाएगा।
मदर सेवा संस्थान का यह आयोजन बच्चों की प्रतिभा को निखारने और उन्हें पेशेवर मंच प्रदान करने का एक महत्वपूर्ण प्रयास है।



