आईटी कॉलेज ने मनाया कॉलेज डे

लखनऊ : आई टी कॉलेज में कॉलेज डे के अवसर पर भव्य समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि डॉ. रौशन जैकब आई ए एस,कमिशनर,लखनऊ डिवीज़न ने कार्यक्रम का शुभारंभ ईश्वर की प्रार्थना से किया| प्रबंधक डॉ. ई. एस. चार्ल्स ने मुख्य अतिथि सहित सभी का स्वागत उद्बोधन प्रस्तुत किया.

प्राचार्या डॉ वी प्रकाश ने कॉलेज की वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए कॉलेज की गतिविधियों जैसे रिसर्च ,नेटवर्किंग सेल, कैरियर काउंसिलिंग सेल आदि विभागों की उपलब्धियों से सभी को परिचित कराया. साथ ही बताया कि कैसे छात्राओं के सर्वमुखी विकास को खेल, शिक्षा और सह गतिविधियों के माध्यम से शिक्षक अपनी-अपनी शैक्षणिक गतिविधियों को कार्यान्वित कर रहें हैं | कमिश्नर डॉ रोशन जैकब ने अपने वक्तव्य में कहा कि आज हमारे देश में युवा शक्ति अपने अपने महत्व को प्राप्त कर रही है और नारी सशक्तिकरण के इस दौर में छात्राएं अपने मानसिक और शारीरिक शक्ति को बढ़ाकर देश को बहुत कुछ दे रही हैं आवश्यकता है,इसको बढ़ाने की।कॉलेज डे के अवसर पर ऑस्कर वाइल्ड का नाटक “द इंपोर्टेंस ऑफ बीइंग आनेस्ट” का मंचन किया गया। इसे पहली बार 14 फरवरी 1895 को सेंट जेम्स थिएटर, लंदन में प्रदर्शित किया गया था।

यह नाटक एक प्रहसन विधा पर आधारित है, जो जैक वर्थिंग और अल्गर्नन मॉनरिफ़ के इर्द-गिर्द केंद्रित है, जो अंग्रेजी जेंट्री के दो युवा सदस्य दो युवा महिलाओं ग्वेन्डोलेन और सेसिली के दिलों को जीतने की कोशिश में हैं, वे एक ऐसे व्यक्ति से शादी करने की इच्छा रखते हैं, जिसका नाम अर्नेस्ट है। जो दिव्य नाम है दोनों व्यक्ती अपने-अपने प्रेमालाप में काल्पनिक व्यक्तित्व धारण करते हैं जो अंततः गलतफहमियों को दूर करते हैं। यह जोड़ी अपनी खुद की कहानियों के साथ संघर्ष करती है और धोखे की कहानी में उलझ जाती है।
नाटक एक सच्ची कॉमेडी के रूप में समाप्त होता है जिसमें सभी तनावों का समाधान होता है और जैक अंत में बयाना होने के महत्व को महसूस करता है
नाटक की पात्रों को मंच पर जीवंत करने में
मेघा सिंह बीए ,हीरा अली बीएससी ,कृतिका रस्तोगीबीए,आलिया तसनीम बीए , अरिया बोस बीएससी
इकरा मरियम बीए ,अनुभूति रस्तोगी बीए , वत्सल मिश्रा। बीएससी , तीसा राठौर। बी.कॉम,अरीबा आसिम , बीएससी छवि गुप्ता. ने मुख्य भूमिका निभाई| हिन्दी विभागाध्यक्ष डॉ नीतू शर्मा ने कार्यक्रम की जानकारी देते हुए | बताया कि कॉलेज में प्रत्येक वर्ष ऐसे आयोजन होते रहते है कोरोना के बाद यह अभी शुरुआत है बच्चों का मनोबल आज के कार्यक्रम के बाद बढ़ा हैं |



