लोक संस्कृति शोध संस्थान द्वारा वर्ष-2022 के वार्षिक पुरस्कारों की घोषणा

लखनऊ : लोक साहित्य, कला और संस्कृति के संरक्षण-संवर्द्धन की दिशा में कार्य कर रहे लोगों को प्रोत्साहन प्रदान करने की दृष्टि से लोक संस्कृति शोध संस्थान द्वारा प्रति वर्ष विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान के लिए 11 विभूतियों को सम्मानित किया जाता है। संस्थान की प्रबंधकारिणी समिति ने निर्णायक मंडल की संस्तुतियों के आधार पर पुरस्कारों के लिए नामों को अंतिम मंजूरी दी गई। आगामी 27, 28 व 29 दिसम्बर को लखनऊ में आयोजित तीन दिवसीय लोक विमर्श-2022 के दौरान सम्मान प्रदान किया जाएगा।
सम्मान एवं सम्मान के लिए चयनित विभूतियों में आरती पांडेय स्मृति लोक संगीत साधक सम्मान – डॉ. अंजू भारती (लखनऊ), पद्मश्री डॉ. योगेश प्रवीन स्मृति लोक संस्कृति सम्मान – इन्द्रा श्रीवास्तव, (लखनऊ), प्रभा श्रीवास्तव स्मृति लोक कथा सम्मान – डॉ. मृणालिका ओझा (रायपुर, छत्तीसगढ़), शोभा देवी स्मृति लोक संस्कृति अनुरागी सम्मान – भावना शुक्ला (अम्बेडकरनगर), रमावती देवी स्मृति लोक संगीत साधक सम्मान – ऋचा जोशी (लखनऊ), जे.पी.लम्बोदर स्मृति युवा साहित्यकार सम्मान – इंजी. ललित शौर्य (बरेली), सीताराम तिवारी स्मृति लोक संस्कृति अनुरागी सम्मान – डॉ. हरनाम सिंह (देवरिया), सुशीला बोरा स्मृति लोक संस्कृति अनुरागी सम्मान – हेमलता त्रिपाठी (कुशीनगर), पं. सत्यनारायण शुक्ला स्मृति लोक सेवा सम्मान – देवी प्रसाद गुप्ता (हमीरपुर), प्रो. कमला श्रीवास्तव लोक संगीत ध्वजवाहक सम्मान – वन्दना शुक्ला (लखनऊ), पद्मश्री डॉ. विद्या विन्दु सिंह लोक संस्कृति ध्वजवाहक सम्मान – नागेन्द्र बहादुर सिंह चौहान (लखनऊ) के नाम शामिल हैं. यह जानकारी सुधा द्विवेदी
सचिव, लोक संस्कृति शोध संस्थान, उ.प्र. लखनऊ द्वारा दी गयी.



