डॉ. के.ए. पॉल ने एयर इंडिया फ्लाइट AI-171 हादसे के पीड़ितों के परिजनों के प्रति शोक संवेदना व्यक्त की,
एयर इंडिया विमान हादसा महज दुर्घटना नहीं, आतंकी साजिश हो सकती है: डॉ. के.ए. पॉल ने गहन जांच की मांग की

नई दिल्ली : एयर इंडिया की फ्लाइट AI-171 के भीषण हादसे के बाद ग्लोबल पीस इनिशिएटिव के संस्थापक डॉ. के.ए. पॉल ने 242 मृतकों के परिजनों के प्रति अपनी गहरी शोक संवेदना व्यक्त की है और इस हादसे को संभावित आतंकी हमले के रूप में देखते हुए व्यापक जांच की मांग की है।
लंदन जा रही यह बोइंग 787-8 ड्रीमलाइनर विमान अहमदाबाद से उड़ान भरने के कुछ ही मिनटों बाद मेघानी नगर के एक रिहायशी इलाके में गिर गया, जिसमें 169 भारतीय नागरिक, 53 ब्रिटिश नागरिक, 7 पुर्तगाली, 1 कनाडाई नागरिक और पूरी क्रू टीम सहित सभी लोग मारे गए।
डॉ. पॉल ने कहा कि इस त्रासदी की भयावहता त्वरित और गहन जांच की मांग करती है। उन्होंने अपनी 40 वर्षों की अंतरराष्ट्रीय यात्रा और विमानन अनुभव का हवाला देते हुए सुरक्षा में गंभीर चूक की आशंका जताई और जांच के दायरे में बैगेज टेम्परिंग से लेकर रिमोट-कंट्रोल्ड विस्फोटक जैसे तमाम संभावित कोणों को शामिल करने की बात कही।
“इस घटना को सामान्य तकनीकी विफलता मानकर छोड़ना उचित नहीं होगा। इतनी बड़ी संख्या में लोगों की जान जाना केवल राष्ट्रीय शोक नहीं बल्कि वैश्विक चिंता का विषय है। राजनीतिक, कानूनी और तकनीकी—हर स्तर पर इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए,” डॉ. पॉल ने कहा।
उन्होंने चेताया कि यदि समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए गए तो इससे भारत की विमानन साख, वैश्विक छवि और पर्यटन जैसे क्षेत्रों में बड़ा नुकसान हो सकता है। पारदर्शी और निष्पक्ष जांच से न केवल न्याय की दिशा में प्रगति होगी, बल्कि अंतरराष्ट्रीय विश्वास भी बहाल होगा।
डॉ. पॉल ने समाज के सभी वर्गों से एकजुटता की अपील करते हुए कहा कि ऐसी त्रासदियों का इस्तेमाल विभाजन नहीं, बल्कि शांति, न्याय और सुरक्षा के लिए एकजुट होने के अवसर के रूप में किया जाना चाहिए।



