RLD अपने मंचों पर लोकदल का नाम लेकर चौधरी चरण सिंह का अपमान करना बंद करे: लोकदल

लखनऊ। लोकदल ने राष्ट्रीय लोकदल (RLD) पर निशाना साधते हुए कहा कि चौधरी चरण सिंह जी के नाम और विचारधारा का इस्तेमाल सत्ता की राजनीति के लिए करना किसानों के साथ अन्याय है। लोकदल ने कहा कि चौधरी चरण सिंह किसानों, गांव और गरीब की आवाज थे, उनकी विरासत किसी सत्ता की कुर्सी के लिए इस्तेमाल करने की चीज नहीं है।
कुछ चुनिंदा लोगों को मंत्री पद मिल जाने के बावजूद किसानों के मूल सवाल आज भी अनुत्तरित हैं। सरकार की गोद में बैठकर किसानों के सवाल पूछे जाएंगे तो जवाब कौन देगा?
किसानों की आय दोगुनी हुई या नहीं? गन्ने का मूल्य महंगाई और बढ़ती लागत के अनुरूप बढ़ा या नहीं? इथेनॉल नीति से किसानों और चीनी उद्योग पर पड़ने वाले प्रभाव पर सरकार से जवाबदेही कब तय की जाएगी? लगातार गिरते भूजल स्तर पर क्या ठोस कदम उठाए गए हैं?
किसानों के मुद्दों पर आवाज उठाने के बजाय बड़े उद्योगपतियों और सत्तारूढ़ नेतृत्व के साथ राजनीतिक नजदीकी को प्राथमिकता देना चौधरी चरण सिंह की विचारधारा से अलग है।
सुनील सिंह ने कहा चौधरी चरण सिंह की विचारधारा किसान, गांव और गरीब की आवाज है, सत्ता की गोद में बैठना नहीं। किसानों को भ्रमित करने के बजाय उनके सवालों का जवाब देना होगा।



